अंतर्ज्ञान Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 31, 2012 ज्ञान से दृष्टिकोण बदलते हैं, अंतर्ज्ञान से बदलती है दृष्टि और फलतः सृष्टि भी -अरुण Read more
वक्त Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 30, 2012 वक्त बनाये इंसाकी मुराद खुद बना,बिगडा,हुआ बर्बाद ये वक्त जो है इंसा का दुश्मन की इंसा ने ही इसकी इजाद -अरुण Read more
अपनी ही आँखों से दिखता Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 29, 2012 फलसफों की आँखसे कुछ भी न दिखना ज्ञान की दीवार के उसपार उठना बुद्ध,शंकर या कि ओशो कोई भी हों अपनी आँखों से ही अपना रूप चखना -अरुण Read more
खुद को अलग रखकर कुछ देखता नही Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 28, 2012 जो तथ्य देख लेता चुप बैठता नही – (यानी वैज्ञानिक) जो देखता रहे कुछ सोचता नही – (जीवंत आध्यात्मिक, दार्शनिक नही ) विज्ञान बडबडाता, अध्यात्म चुप रहे जो खुद को अलग रखकर कुछ देखता नही -अरुण Read more
खोज सच की Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 27, 2012 खोजने से नही हासिल ,ये ऐसा सच अच्छा यही कि तू खोजने से ही बच ये देख, क्यों और कौन खोज रहा है बस देखता जा उस खोजनेवाले का सच - अरुण Read more
संवेदनशीलता (contact ness) Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 26, 2012 जबसे दिल का दौरा पड़ा है संगदिल ने दिल को है जाना Though heart is in the body but body is rarely aware of it. -अरुण Read more
ये ‘एक’ हुआ क्या ? Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps July 25, 2012 खयालों से बना मन, बनी जिन्दा शख्सियत सारा जहान जबकि हुई, ‘ एक ’ हकीकत इंसा को समझ आएना, ये ‘ एक ’ हुआ क्या ? देता रहा खयाल को ही, सारी अहमियत -अरुण Read more