सार असार संसार
जो है अस्तित्व में और जिसके होनेपन में अस्तित्व है उसे काया कहें जो नही है अस्तित्व में फिरभी अस्तित्व जिसके होनेपन को ले आता है उसे माया कहें और काया माया के इस सार असार को ही संसार कहें .......................... अरुण